What stops you from earning your dream figure?

Written by Sneh Desai on March 31, 2018

What stops you from earning your dream figure




The topic today is extremely universal. Why sometimes do we want or aspire for certain things, but never actually take a very concentrated or motivated action towards it? Money very easily falls under this category. All of us universally want wealth and a higher standard of living, but very few enjoy such a status. This means that something is stopping us from earning that dream figure. What is it? Why are some of us held back from such a lifestyle?
Figure it out:-

1. Lack of perspective

– Most of us are motivated by money. But money here is not about just meeting your day-to-day expenses. Earning a dream figure is about not only meeting your expenses sufficiently, but also about being able to afford certain luxuries of life. So even if you have your dream job but if it is only allowing you to meet your expenses sufficiently and not allowing you to save up or use it for something more than your basic necessities, it means you do not have the financial freedom that you’re looking for. Sometimes we lack perspective of this fact and stop making efforts to increase our wealth by taking other motivated actions in order to increase our possibilities of earning a bigger amount. Money does not need to come from only ONE corner of your life. You can create opportunities well beyond your present ones in order to garner more money. Start thinking on those lines. What can you do which goes well beyond your 9-to-5 job? Create more avenues from which money may flow into your life. For example, if you have a particular passion for something or a talent, then think of ways to channelize the same such that this talent gives you profitable results as well. Let no hobby, passion or talent go to waste.

2. Struggle

– Whenever you are at the beginning of taking your finances from OKAY to GREAT, you cannot evade certain struggles. This is where most people falter. They want money, but they don’t want to struggle. And most of this struggle lies in extremely small things. Like ditching your current Wifi or internet plans (which is costing you a fortune) and to adopt a cheaper and sufficient plan instead. Or changing your mobile operator. Or to forbid cable TV for some time. Basically, in order to earn and more importantly MAINTAIN your earnings there are certain sacrifices that you may be willing to make. These struggles really depend on your priorities – What are the expenses that you should continue to make and what are other habits or wasteful expenditures that you should stop making? Look at this aspect as being smart instead of like a period of struggle.

3. Fear

– In my Signature 2-days Event ‘Change Your Life’, I talk about the psychology behind fear where people experience a breakthrough through a practical technique called ‘Phobia Buster’. The fear to take risks is the most common fear which almost everyone is plagued with. People stop making dynamic decisions because fear stops them from going out of their comfort zone. The world is an oyster, but if you are unwilling to look and take certain risks, then you get no right to complain either! Thus, whenever an opportunity comes calling or when you want to create more financial opportunities for yourself, ask yourself – “What is the risk here?” And be reasonable. Because earning a dream figure is about investing in yourself and taking BIG risks. If fear lets you down, then you have only let down yourself!

4. Negativity

– It all boils down to your attitude about money. If you view money negatively then nothing is going to change. It is that fundamental. If you look at money as something which is unattainable then it will definitely be so for you! Everything is doable, all you need to do is believe this simple fact. Change your attitude of complaining and criticizing because from your point of view it will only increase your negativity with respect to wealth but for a prospective employer/business partner, it will seem like you are a cynic who is not motivated enough in life! And just like that an opportunity might go to waste!

5. Giving up

– Earning a dream figure is a challenge. Yes, wealth is great but I am not going to sugarcoat the fact and tell you that it is going to be an easy ride. It will be difficult. But guess what? IT WILL HAPPEN. However, if you only try once or twice or maybe five times and fail, and then if you give up it is definitely not going to happen. Earning a dream figure is similar to when someone is dropped into a lake in order to teach him how to swim. You however are already in that lake and all you need to do is keep moving your hands and legs, because if you stop you shall drown.

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अपने सपनों की राशी कमाने से आपको क्या रोक रहा है?


आजका विषय अत्यधिक व्यापक है| कभी कभी कुछ चीजों को चाहते हुए भी या उनकी आरजू करने के बावजूद, क्यों हम उन्हें पाने के लिए कभी पूरी तरह से एकाग्र या अभीप्रेरित होकर अभियान नहीं करते? पैसा इस श्रेणी में अति सरलता से आता है| हम सब को व्यापक तरह से धनवान बनना होता है और उच्च जीवन शैली चाहिए होती है, पर बहुत कम लोगों को यह रुतबा मिलता है| इस का मतलब कुछ तो है जो हमें उस सपनों के अंक तक पहुँचने से रोक रहा है| वह क्या है? क्यों हम में से कुछ लोग वैसी जीवन शैली से वंचित रह जाते हैं? आओ इसे समझें:

१. द्रष्टिकोण का अभाव

– हम में से ज्यादातर लोग पैसों से अभिप्रेरित होते हैं| पर यहाँ पैसों का मतलब आपके रोज के खर्च चलाने से नहीं है| सपनों का अंक कमाने का मतलब सिर्फ रोज के खर्च को अच्छे से कर पाना नहीं है, परन्तु ज़िन्दगी के कुछ वैभवी खर्चों को कर पाना भी है| अगर आपके पास अपनी कल्पनातीत नौकरी है पर यदि वह केवल आपके खर्चों को ही पूरा कर सकती है, और आपको ज्यादा बचत करने या मूलभूत ज़रूरतों के अलावा किसी भी प्रकार का खर्च नहीं करने देती, तो इसका मतलब आपको जो आर्थिक आझादी चाहिए वह आपके पास नहीं है| कई बार हमारे दृष्टिकोण के अभाव के कारण हमें यह हकीकत समझ में नहीं आती और हम दुसरे कारणों से अभिप्रेरित होकर ज्यादा कमाने तथा अपनी समृध्धि बढ़ाने की सम्भावनाओं के लिए प्रयत्न करना बंद कर देते हैं| जिंदगी में पैसा केवल एक ही कोने से नहीं आना चाहिए| आपकी वर्तमान के कमाने के रास्ते के आलावा आप कमाई के नए रस्ते ढूंढ सकते हैं जिससे ज्यादा पैसे एकत्र कर सके| उस मार्ग पर सोचना शुरू कर दें| आप क्या कर सकते हैं जो ९ से ५ की नौकरी से परे और बहुत आगे है? नए रास्ते खोजें जहाँ से पैसे आपकी ज़िनदगी में आ सके| उदाहरणतः यदि आपको किसी काम का अनुराग है या आप में कोई विशेष क्षमता है, तो फिर उसे दिशा दे कर आप ऐसा रास्ता खोज सकते हैं की यह क्षमता आपको मुनाफेवाला परिणाम दे सके| कोई भी शौक, अनुराग या क्षमता बेकार न जाने दें|

२. संघर्ष

– शुरु में जब आप अपनी आमदनी को ठीकठाक से बहुत बढ़िया बनाने में लगे होते हैं तब आप कई अनिवार्य संघर्षों को टाल नहीं सकते| ज्यादातर लोग यहीं पर मात खा जाते हैं| उन्हें पैसे चाहिए पर उन्हें संघर्ष नहीं करना होता है| और यह संघर्ष ज्यादातर छोटी छोटी बातों/चीजों का होता है| जैसे आपके चालू वाईफाई योजना या इंटरनेट योजना [जो आपको बहुत महँगी पड़ रही है] को छोड़ कर सस्ती और आवश्यकता अनुसार की योजना लेना| या अपना मोबाइल ओपरेटर बदलना| या थोड़े दिन केबल टी.वी. को निषेध करना| मूलतः, ज्यादा कमाने के लिए और उस कमाई को बनाए रखने के लिए आपको ऐसे त्याग करनेकी तैयारी रखनी ही पड़ेगी| यह संघर्ष आपकी अग्रिमता पर निर्भर है – कौनसे जरुरी खर्चे हैं जिन्हें आपको चालू रखना होगा और कौनसी ऐसी आदतें या बेकार के खर्च हैं जिन्हें आपको रोकना होगा? इस पहलू को चतुर होने के नजरिये को देखें नाकि संघर्ष के समय जैसा|

३. डर

– मेरे दो दिन के चिन्हक कार्यक्रम ‘चेंज योर लाइफ’ में मैं डर के मनोविज्ञान की बात करता हूँ, जहाँ लोग एक प्रात्यक्षिक तरीके से, जिसे ‘फोबिया बस्टर’ (भय विनाशक) कहते हैं, अपने डर के भेदन का अनुभव लेते हैं| हम सब में सामान्य भय है ‘खतरा उठानेका डर’ और इससे हम सब त्रस्त हैं| लोग गतिबोधक निर्णय लेने से अटकते हैं क्योंकि उनका डर उन्हें सुखकर क्षेत्र से बहार जाने से रोकता है| दुनिया एक शुक्ति [जिस में मोती बनता है] है, लेकिन यदि आप न देखना चाहते हो और नाहि ज़रासा भी खतरा उठाना चाहते हो, तो फिर आपका शिकायत करने का भी कोई हक़ नहीं बनता! अतः जब भी मौका आपको बुलाता हुआ आये या आपको जब भी ज्यादा आमदनी कमाने की इच्छा हो तो अपने आप से पुछो –‘यहाँ क्या व कितना खतरा है?’ और तर्कसंगत बनकर उचित निर्णय लें| क्योंकि सपनों का अंक कमाना अपने आप में पूंजी लगाना और बड़ा खतरा मोल लेना है| अगर डर आप को मात दे रहा है तो आप खुद ही अपने आपको मात दे रहे हैं!

४. नकारात्मकता

– अंत में यह आपके पैसे की ओर के रवैये के बारे में है| यदि आप पैसे को नकारात्मक दृष्टी से देखें तो कुछ भी नहीं बदलेगा| यह इतना बुनियादी है| यदि आप धन को किसी अप्राप्य चीज़ की दृष्टी से देखते हो तो आपके लिए वह निस्संदेह अप्राप्य ही बन जायेगा! हर कार्य करने योग्य होता है, बस आपको चाहिए की आप इस सरल सत्य को दिल से मानें| अपनी तकरार करने व आलोचना करने के रवैये को बदलिए क्योंकी धन को लेके आपके दृष्टिकोण से यह केवल आपकी नकारात्मकता को बढ़ावा देगा, लेकिन एक भावी नियोक्ता / व्यावसायिक साथी को लगेगा कि आप एक चिड-चिडे व्यक्ति हैं जो जीवन में चाहिए उतना प्रोत्साहित नहीं है| और ऐसे ही एक सुवर्ण अवसर बेकार जा सकता है!

५. हार मानना

– सपनों का अंक कमाना एक चुनौती है| जी हाँ, समृध्धि बड़ी बात है पर वास्तविक तथ्य को मीठा बनाके नहीं कहूँगा की सफ़र एक सरल सवारी है| वह मुश्किल ही होगा| तो क्या लगता है? यह ज़रूर होगा| परन्तु यदि आप एक, दो, या पांच बार प्रयत्न करने पर भी निष्फल हो गए, और फिर आपने छोड़ दिया तो निश्चित रूप से वह कभी भी होने वाला नहीं है| सपनोका अंक कमाना किसीको तैरना सिखाने के लिए तालाब में फैंकने जैसा ही है| परन्तु आप तो पहले से ही तालाब में हैं अतः आपको चाहिए कि अपने हाथ पैर चलाते रहें क्योंकि यदि आप यह बंद कर देंगे तो आप डूब जाएँगे|
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